1
00:00:00,000 --> 00:00:06,000
जीती रह मेरी धरती, अमीरातों का सङ्घ अमर रहे
(अ़ीशी बिलादी आअ़श् इत्तिह़ाद् इमारातिना)

2
00:00:06,000 --> 00:00:07,700
तू अपने लोगों के लिए जिए
(अ़िश्त् लिशअ़ब्)

3
00:00:07,700 --> 00:00:11,400
जिनका धर्म इस्लाम है, और मार्गदर्शक क़ुरअ़ान 
(दीनहु अल्-इस्लाम् ह़दियहु अल्-क़ुरअ़ान्)

4
00:00:11,400 --> 00:00:15,800
मैंने तुझे अल्लाह के नाम से सुरक्षित किया, हे स्वदेश
(ह़स़्स़न्तक् बिस्मिल्लह् या वतन्)

5
00:00:15,800 --> 00:00:19,800
मेरी धरती, मेरी धरती, मेरी धरती, मेरी धरती
(बिलादी बिलादी बिलादी बिलादी)

6
00:00:19,800 --> 00:00:23,800
ईश्वर तुझे समय की विपत्ति से बचाए
(ह़माक् अल्-इल्लाह् श़ुरूर् अल्-ज़़मान्)

7
00:00:23,800 --> 00:00:27,500
हमने शपथ ली है — हम निर्माण करेंगे, हम कार्य करेंगे
(अ़क़्स़म्ना अ़न् नब्नी नअ़मल्)

8
00:00:27,500 --> 00:00:29,300
हम कार्य करेंगे, निष्ठा से करेंगे
(नअ़मल् नख़लिस् नअ़मल् नख़लिस्)

9
00:00:29,300 --> 00:00:31,500
जब तक जिएँगे, निष्ठा से सेवा करेंगे
(मह़मा अ़िश्ना नख़लिस् नख़लिस्)

10
00:00:31,500 --> 00:00:33,500
सुरक्षा बनी रहे, और जीवन-दीप भी
(दाम् अल्-अ़मान् वअ़ाअ़श्)

11
00:00:33,500 --> 00:00:37,500
ध्वज लहराता रहे, हे हमारे अमीरात
(अल्-आअ़लम् या इमारातिना)

12
00:00:37,500 --> 00:00:39,300
जो अरबी गौरव का प्रतीक है
(रम्ज़् अल्-‘उरूबा)

13
00:00:39,300 --> 00:00:41,000
हम सभी तुझ पर बलिदान देंगे
(कुल्ना नफ़्दीक़ी)

14
00:00:41,000 --> 00:00:43,000
हम तुझे रक्त से सींचेंगे
(बिद्दिमाअ़ नरव़ीक़ी)

15
00:00:43,000 --> 00:00:47,000
हम तुझे आत्मा से समर्पित करेंगे, हे स्वदेश
(नफ़्दीक़ि बिल्-अ़रव़ाह् या वतन्)